हरिद्वार से भगवान शिव का जलाभिषेक करने के लिए कांवड़ियों का एक जत्था बम भोले और बोल बम के य घोष के साथ आगे बढ़ रहा था. उसी दौरान गाजियाबाद जिले में प्रवेश करते ही पहले से घात लगाए झुंड ने उन पर हमला कर लिया.
नंदग्राम, गाजियाबाद का रहने वाले राजा गौतम ने बताया कि वो हरिद्वार कांवड़ लेने गया था. वहां से जल लेकर पैदल आ रहा था. सोमवार सुबह गाजियाबाद के करीब मुरादनगर पहुंचा. यहां पर चाय पीने के बाद अन्य कांवड़ियों के साथ गाजियाबाद की ओर बढ़ रहा था. उसी दौरान बंदरों के झुंड ने कांवड़िओं के जत्थे पर हमला बोल दिया. इस दौरान सभी कांवड़िए बंदरों से जल बचाने के लिए भागे. कहीं उनका जल न गिर जाए, लेकिन राजा इनके चंगुल में फंस गया. बंदरों ने मिलकर उसको लहूलुहान कर दिया. बंदरों ने कई जगह गहरों घाव कर दिए.
इस दौरान आसपास गुजर रहे लोगों ने राजा को बंदरों के चंगुल से छुड़ाया. इसके बाद मुरादनगर सीएचसी इलाज के लिए ले गए. राजा ने बताया कि वहां पर इंजेक्शन लगाकर गाजियाबाद जिला अस्पताल के लिए रेफर कर दिया गया. चूंकि चोट काफी ज्यादा लगी है, इसलिए यहां से उसे दिल्ली के जीटीबी अस्पताल रेफर कर दिया गया. जहां पर उसका उपचार चल रहा है.
गाजियाबाद में तमाम इलाकों में बंदरों का आतंक है, यहां पर कई लोगों को बंदर शिकार बना चुके हैं, लोगों ने नगर निगम से इस संबंध में कई बार शिकायत की है लेकिन अभी तक कोई कार्रवाई नहीं हुई है.
90% लोग ये नहीं जानते…
कुछ खबरें बाद में हटा दी जाती हैं 😳
📲 Facebook पर अभी जुड़ें
📢 WhatsApp चैनल जॉइन करें
🔥 वरना आप बड़ी खबर मिस कर सकते हैं!
0 Comments