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📰 हरियाणा सरकार ने EWS की आय सीमा 6 लाख से बढ़ाकर 8 लाख रुपये कर दी



हरियाणा सरकार ने आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग (EWS) के लिए वार्षिक पारिवारिक आय सीमा को बढ़ा दिया है, जिससे अब अधिक परिवार इस आरक्षण और अन्य लाभों का हकदार बन सकेंगे। यह निर्णय आज एक सरकारी आदेश के रूप में जारी किया गया है और इसने राज्य भर में EWS वर्ग के लोगों के बीच राहत की खबर फैला दी है।

📌 क्या है नया बदलाव?

  • पहले हरियाणा में EWS कैटेगरी (आर्थिक रूप से कमजोर) के तहत परिवार की सालाना आय सीमा ₹6,00,000 थी।

  • अब सरकार ने इस आय सीमा को बढ़ाकर ₹8,00,000 कर दिया है।

  • इसके बाद ऐसे परिवार भी EWS प्रमाणपत्र और उससे मिलने वाले आरक्षण लाभ, आवासीय योजनाएँ और सरकारी लाभ ले सकेंगे, जिनकी कुल पारिवारिक आय 8 लाख रुपये तक है।


📊 निर्णय का उद्देश्य

हरियाणा सरकार का यह फैसला कम आय वाले परिवारों को सामाजिक और आर्थिक अवसरों तक पहुंच सुनिश्चित करना है। यह कदम केंद्र सरकार के दिशा-निर्देशों के अनुरूप लिया गया है और राज्य के व्यापक सामाजिक विकास लक्ष्यों को साकार करने की दिशा में एक बड़ा कदम माना जा रहा है।
इससे पहले आय सीमा के चलते कई परिवार EWS लाभ से वंचित रह रहे थे, लेकिन अब नियम में इस वृद्धि से लाभार्थियों की संख्या में इज़ाफा होना तय है।


🏆 किसे मिलेगा फायदा?

नई आय सीमा के लागू होने के बाद:

✅ परिवार जिनकी कुल वार्षिक आय ₹8,00,000 या उससे कम है, वे EWS प्रमाणपत्र के पात्र माने जाएंगे।
✅ इससे उन्हें राज्य और केंद्र सरकार की आरक्षण/भर्तियों में 10% आरक्षण, शिक्षा संस्थानों में आरक्षण, आवासीय योजनाओं, और अन्य कल्याणकारी योजनाओं का लाभ लेने का अधिकार मिलेगा।
👉 पहले 6 लाख की सीमा के कारण कई मध्य-आय वर्ग के परिवार इससे बाहर थे, लेकिन अब नई सीमा के बाद वे भी पात्र हो जाएंगे।


📌 राज्य सरकार का बयान

प्राप्त जानकारी के अनुसार, हरियाणा सरकार ने संसाधनों और सामाजिक न्याय को ध्यान में रखते हुए यह कदम उठाया है ताकि गरीबी रेखा के करीब जीवनयापन करने वाले परिवारों को और समर्थन मिल सके।

सरकार का कहना है कि इस निर्णय से प्रदेश के आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों को शिक्षा, रोजगार, स्वास्थ्य, और सामाजिक सुरक्षा तक बेहतर पहुंच मिलेगी और आर्थिक विभाजन कम होगा।


🧠 विशेषज्ञों की प्रतिक्रिया

सोशल पॉलिसी विश्लेषकों का मानना है कि इस प्रकार की सीमा वृद्धि से EWS की रियल पात्रता दायरा बढ़ेगा, जिससे अधिक लोग सरकारी सुविधाओं के दायरे में आएँगे और सामाजिक समावेशन को बढ़ावा मिलेगा।

विशेषज्ञों का यह भी कहना है कि राज्य सरकार ने यह कदम महंगाई और जीवन व्यय में बढ़ोतरी को देखते हुए उठाया है, क्योंकि पिछले कुछ वर्षों से खर्च की लागत बढ़ी है और ₹6 लाख की सीमा ने कई परिवारों को EWS लाभ से बाहर रखा था।


🗓️ नया नियम अब तुरंत लागू

सरकारी अधिसूचना जारी हो चुकी है और नई आय सीमा तुरंत प्रभाव से लागू हो गई है। इच्छुक परिवार अपनी EWS पात्रता के लिए अब ₹8 लाख तक की आय सीमा के आधार पर आवेदन कर सकते हैं। 

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